loading...

गर्भ ना करो रे गवारा,जोबन धन पावना दिन चारा जी-Kabir Ke Shabd

Share:
SANT KABIR (Inspirational Biographies for Children) (Hindi Edition ...
Kabir Ke Shabd 
कबीर के शब्द
गर्भ ना करो रे गवारा,जोबन धन पावना दिन चारा जी।
पशु के चाम की बने रे पँहिया ,नोबत मढ़े है नगारा जी
नर तेरा चाम काम नहीं आवे, जल बुझ हो जा झारा जी।

बीस भुजा दस शीश थे रे, पोते पुत्र परिवारा जी
मर्द गर्द में मिल गए प्यारे  लंका के सरदारा जी।

हाड मांस का बना रे पिंजरा, भीतर भरा अहंकारा जी
ऊपर रंग सुरंगा है रे, धन कारीगर करतारा जी।

गुरु बिन ज्ञान विमुख है जाको, मार-2 यम हारा जी
कह कबीर सुनो भाई साधो, छोड़ चले संसारा जी।

कोई टिप्पणी नहीं