गुरुवार, 29 दिसंबर 2016

मौन कविता। - Silent Poem in Hindi

मौन

मौन को समझो तुम
मौन कितना कुछ कहता है
पर मौन चुप ही रहता है
चुप रहकर सब कुछ कहता है
मौन की कोई भाषा नहीं
मौन की कोई परिभाषा नहीं
मौन सा कोई संवाद नहीं
मौन का कोई स्वाद नहीं
मौन कभी तलवार है
तो मौन कभी सुविचार है
मौन कभी इकरार है
तो मौन कभी इनकार है
मौन कभी तकरार है
तो मौन कभी प्यार है
मौन से भला कौन जीता
मौन की शक्ति अपार है

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